वाशिंगटन, 08 जून (एजेंसी)। अमेरिका ने लंदन को चेताया है कि वह अपने देश के महत्वपूर्ण वित्तीय केंद्रों के पास एक नया चीनी दूतावास खोलने की योजना पर विचार नहीं करे।
‘द टाइम्स’ अखबार ने सूत्रों का हवाला देते हुए यह जानकारी दी।
चीनी सरकार ने छह साल पहले लंदन में एक ऐतिहासिक इमारत खरीदी थी जिसमें रॉयल मिंट हुआ करता था। चीन को हालांकि फिलहाल वहां नया दूतावास खोलने की अनुमति नहीं मिल पाई है।
‘फाइनेंशियल टाइम्स’की रिपोर्ट के अनुसार जनवरी में ब्रिटेन, चीन को कई शर्तों के साथ यूरोप का सबसे बड़ा दूतावास खोलने की अनुमति दे सकता है।
एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी ने समाचार पत्र को बताया, “अमेरिका अपने सबसे करीबी सहयोगियों में से एक के संवेदनशील संचार तक चीन को संभावित पहुँच प्रदान करने के बारे में गहराई से चिंतित है।”अखबार ने जोर देकर कहा कि जिस इमारत में चीन दूतावास खोलना चाहता है वह वित्तीय केंद्रों के बीच स्थित है। साथ ही यह तीन महत्वपूर्ण डेटा केंद्रों के बगल में है।
दौनिक के अनुसार अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने पहले ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर से चीन को दूतावास खोलने से मना करने के लिए कहा था। यह मुद्दा व्यापार वार्ता के दौरान उठाया गया था।
सूत्रों के अनुसार यदि यह दूतावास खोला जाता है तो ट्रम्प प्रशासन को ब्रिटेन को खुफिया जानकारी के हस्तांतरण के बारे में चिंता होगी।
टॉवर हैमलेट्स के लंदन बोरो में एक नया चीनी दूतावास भवन बनाने की चीन की योजना हाल ही में चीन और लंदन के बीच असहमति का एक अलग विषय बन गई है। स्थानीय अधिकारियों ने सुरक्षा चिंताओं का हवाला देते हुए 2022 में निर्माण की अनुमति देने से इनकार कर दिया, लेकिन जुलाई 2024 में चीन ने एक नया आवेदन प्रस्तुत किया।
दिसंबर में लंदन स्टैंडर्ड ने बताया कि टॉवर हैमलेट्स काउंसिल ने अपने क्षेत्र में एक नया चीनी दूतावास भवन खोलने के खिलाफ सर्वसम्मति से मतदान किया था।
अमेरिका ने ब्रिटेन में नये चीनी दूतावास को लेकर लंदन को चेताया
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